Who is Pralhad Joshi: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद केंद्र सरकार ने वरिष्ठ भाजपा नेता और केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सलाह पर यह फैसला लिया। लंबे राजनीतिक और प्रशासनिक अनुभव वाले प्रह्लाद जोशी मोदी सरकार के अनुभवी मंत्रियों में शामिल हैं और इससे पहले भी कई महत्वपूर्ण मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं।
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद मिला नया दायित्व
NEET-UG 2026 परीक्षा विवाद और छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उनका इस्तीफा स्वीकार करते हुए प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंप दिया।
फिलहाल वे अपने मौजूदा मंत्रालयों के साथ-साथ शिक्षा मंत्रालय का कार्यभार भी संभालेंगे। नए पूर्णकालिक शिक्षा मंत्री की नियुक्ति तक मंत्रालय का संचालन उनके नेतृत्व में किया जाएगा। Who is Pralhad Joshi
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Who is Pralhad Joshi
कौन हैं प्रह्लाद जोशी?
प्रह्लाद जोशी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेताओं में से एक हैं। उनका जन्म 27 नवंबर 1962 को कर्नाटक के विजयपुरा (बीजापुर) में एक साधारण परिवार में हुआ था।
छात्र जीवन से ही उनकी रुचि सामाजिक कार्यों और जनहित के मुद्दों में रही। उन्होंने कर्नाटक विश्वविद्यालय से संबद्ध केएस आर्ट्स कॉलेज, धारवाड़ से स्नातक की पढ़ाई पूरी की। पढ़ाई के दौरान भी वे सामाजिक और सार्वजनिक गतिविधियों में सक्रिय रहे। Who is Pralhad Joshi
राजनीतिक सफर की शुरुआत
प्रह्लाद जोशी ने 1990 के दशक में भारतीय जनता पार्टी के संगठनात्मक कार्यों से अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत की। Who is Pralhad Joshi
उन्होंने—
- 1995 से 1998 तक भाजपा के धारवाड़ जिला अध्यक्ष के रूप में कार्य किया।
- 1998 से 2003 तक जिला महासचिव की जिम्मेदारी निभाई।
- संगठन में सक्रिय भूमिका निभाने के बाद लोकसभा चुनाव में भाजपा के उम्मीदवार बने।
उनकी संगठन क्षमता और जमीनी राजनीति ने उन्हें भाजपा के प्रमुख नेताओं में शामिल कर दिया।
लगातार कई बार बने लोकसभा सांसद
प्रह्लाद जोशी ने कर्नाटक की धारवाड़ लोकसभा सीट से पहली बार चुनाव जीतकर संसद में प्रवेश किया।
इसके बाद उन्होंने लगातार कई चुनाव जीतकर अपनी राजनीतिक पकड़ मजबूत की। लगातार जीत और संगठनात्मक अनुभव के कारण वे भाजपा के भरोसेमंद नेताओं में गिने जाते हैं। Who is Pralhad Joshi
मोदी सरकार में निभाईं कई अहम जिम्मेदारियां
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार में प्रह्लाद जोशी को पहली बार 2019 में केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया गया।
उन्होंने समय-समय पर कई महत्वपूर्ण मंत्रालयों की जिम्मेदारी संभाली, जिनमें प्रमुख हैं—
- संसदीय कार्य मंत्रालय
- कोयला मंत्रालय
- उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्रालय
- नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय
अब उन्हें इन मंत्रालयों के साथ-साथ शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया है। Who is Pralhad Joshi
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शिक्षा मंत्रालय में क्या होंगी उनकी प्राथमिकताएं?
शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त कार्यभार संभालने के बाद प्रह्लाद जोशी के सामने कई महत्वपूर्ण चुनौतियां होंगी।
इनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं—
- राष्ट्रीय परीक्षा प्रणाली में सुधार।
- पेपर लीक जैसी घटनाओं पर सख्त कार्रवाई।
- छात्रों और अभिभावकों का भरोसा बहाल करना।
- नई शिक्षा नीति (NEP 2020) के क्रियान्वयन को गति देना।
- प्रतियोगी परीक्षाओं को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाना।
हाल के परीक्षा विवादों के कारण शिक्षा मंत्रालय के सामने जवाबदेही और सुधार दोनों बड़ी प्राथमिकताएं मानी जा रही हैं।
प्रशासनिक अनुभव बनेगा बड़ी ताकत
प्रह्लाद जोशी को एक अनुभवी प्रशासक और संगठनात्मक नेता माना जाता है। संसद में विधायी कार्यों के संचालन से लेकर कई मंत्रालयों के प्रबंधन तक उनका लंबा अनुभव रहा है।
यही कारण है कि सरकार ने मौजूदा परिस्थितियों में शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी भी उन्हें सौंपने का फैसला किया है। Who is Pralhad Joshi
क्या वे स्थायी शिक्षा मंत्री बनेंगे?
फिलहाल प्रह्लाद जोशी को अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। सरकार की ओर से अभी नए पूर्णकालिक शिक्षा मंत्री की नियुक्ति को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
ऐसे में आने वाले दिनों में यह स्पष्ट होगा कि उन्हें स्थायी रूप से यह जिम्मेदारी दी जाएगी या फिर कैबिनेट विस्तार के दौरान किसी नए चेहरे को शिक्षा मंत्रालय की कमान सौंपी जाएगी।
निष्कर्ष
प्रह्लाद जोशी भारतीय जनता पार्टी के अनुभवी नेताओं में शामिल हैं और संगठन से लेकर केंद्र सरकार तक कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभा चुके हैं। धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद उन्हें शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। अब देशभर के छात्रों, शिक्षकों और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े लोगों की नजर इस बात पर है कि उनके नेतृत्व में शिक्षा मंत्रालय परीक्षा सुधार और पारदर्शिता को लेकर कौन-कौन से बड़े कदम उठाता है।
Disclaimer: यह लेख उपलब्ध सार्वजनिक जानकारी और आधिकारिक सरकारी घोषणा के आधार पर तैयार किया गया है। यदि भविष्य में सरकार की ओर से कोई नया आधिकारिक अपडेट जारी किया जाता है, तो जानकारी में बदलाव संभव है। Who is Pralhad Joshi
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